Ira Web Patrika
नवम्बर-दिसम्बर 2025 संयुक्तांक पर आपका हार्दिक अभिनन्दन है। आपकी अमूल्य प्रतिक्रियाओं की प्रतीक्षा रहेगी।
मौन जब मुखरित हुआ : एक श्रेष्ठ गीत संग्रह- अशोक कुमार पाण्डेय 'अशोक'

मौन जब मुखरित हुआ में देश-प्रेम, मानवीय गुण, राष्ट्रीय एकता, प्रकृति-चित्रण, भक्ति-भावना, श्रृंगार, देश के सन्तों, महात्माओं, महापुरुषों के प्रति कृतज्ञता, नैतिक मूल्यों की स्थापना आदि को मुख्य रूप से रेखांकित किया गया है। साथ ही समाज में व्याप्त विसंगतियों, विद्रूपताओं एवं कुरीतियों का प्रबल विरोध भी किया गया है।

बेबाक, बेलौस, बेजोड़, बेख़ौफ़, बेपरवाह हैं : बदमाश औरतें- संदीप मिश्र 'सरस'

समीक्ष्य पुस्तक- बदमाश औरतें
विधा- नज़्म
रचनाकार- हरकीरत हीर
प्रकाशन- अयन प्रकाशन

कोलाहल से परे : एक अनूठी पुस्तक- मीना दत्ता

समीक्ष्य पुस्तक- कोलाहल के परे
रचनाकार- डॉ० कामायनी शर्मा
विधा- लघुकथा
प्रकाशक- इरा पब्लिशर्स, कानपुर
संस्करण- प्रथम, 2024
पृष्ठ संख्या- 115
मूल्य- 230 रुपए

नफ़रतों को प्यार से मिटाने की मुकम्मल कोशिश : हमन है इश्क़ मस्ताना- अविनाश भारती

डॉ० भावना ने इस प्रेम-ग्रंथ में कुल 109 ग़ज़लकारों को शामिल किया है, जिनमें आदि से वर्तमान के महत्वपूर्ण हस्ताक्षर मौजूद हैं। सबकी दो-दो प्रतिनिधि ग़ज़लों को यथोचित स्थान मिला है।