Ira Web Patrika
जुलाई-सितंबर 2026 अंक पर आपका हार्दिक अभिनन्दन है। आपकी अमूल्य प्रतिक्रियाओं की प्रतीक्षा रहेगी।
शैल अग्रवाल  शैल अग्रवाल 
निवास बर्मिंघम (यू के)
भाषा shailagrawal@hotmail.com

वाराणसी, भारत में जन्म  और शिक्षा। बनारस हिन्दू विश्विद्यालय से अंग्रेजी साहित्य, संस्कृत व चित्रकला में स्नातक और तदुपरान्त अंग्रेजी साहित्य में एम.ए.  । सितार और भरतनाट्यम में प्रशिक्षण। रुचिः कलात्मक व रुझानः दार्शनिक। 1968 से सपरिवार ब्रिटेन में निवास । 50 से अधिक देशों का भ्रमण।
कर्मक्षेत्रः साहित्य व समाज। बचपन के छिटपुट लेखन के बाद गंभीर लेखन जीवन के उत्तरार्ध में ।
विधाः निबंध, कहानी,  संस्मरण,यात्रा वृतान्त, कविताएं, लघुकथा, हाइकू और बाल साहित्य व उपन्यास। आठ निजी पुस्तकें अभी तक। जिनमें से चार कहानी संग्रह।  रचनाएं देश विदेश की सभी प्रमुख पत्रिका व 40 से अधिक साझा संकलनों में। पिछले दो दशक से अधिक हिन्दी और अंग्रेजी दोनों ही भाषाओं में निरंतर ई.पत्रिका लेखनी का संपादन व संचालन। 155 अंक प्रकाशित। लेखन व हिन्दी के प्रचार-प्रसार के लिए कुछ प्रमुख सम्मान व चार विश्व हिन्दी सम्मेलनों में सक्रिय सहभागिता।
मोबाइल- +447701348154


समीक्षा (1 रचनाएँ)

दर्पण की भाँति प्रतिबिंबित करती ‘फ़िबोनाची वितान’ कहानियाँ- शैल अग्रवाल

भावों और रिश्तों की जटिलता, विषय और पात्रानुकूल भाषा, गहरी समझ और संवेदना के साथ पात्रों के चित्रण, रोचकता और पठनीय सुगमता के कारण निश्चय ही ‘फ़िबोनाची वित...

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इरा वेब पत्रिका में शैल अग्रवाल  की रचनाएँ